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Spiritual Insights

तनाव और डर को भूल जाएं: माँ बगलामुखी का संरक्षण अपनाकर चैन की जिंदगी जिएं

Acharya Pandit Vishnu Sharma
03 Jan 2026
5 min read
तनाव और डर को भूल जाएं: माँ बगलामुखी का संरक्षण अपनाकर चैन की जिंदगी जिएं

जीवन की भागदौड़ और अनिश्चितताओं के बीच तनाव और डर हमारी शांति को छीन लेते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि माँ बगलामुखी का आशीर्वाद इन सभी समस्याओं को दूर कर सकता है? माँ बगलामुखी, जिन्हें दस महाविद्याओं में से आठवीं महाविद्या के रूप में जाना जाता है, शत्रुओंका नाश करने और भक्तों को शांति प्रदान करने वाली शक्ति हैं।इस ब्लॉग में, हम माँ बगलामुखी की महिमा, उनके प्रमुख मंदिरों जैसे माँ बगलामुखी मंदिर नलखेड़ा और उनकी साधनासे मिलने वाले लाभों केबारे में जानेंगे।

माँबगलामुखी: शत्रु नाशक और शांति दायिनी

माँबगलामुखी, जिन्हें बगलामुखी देवी या पीतांबरा के नाम सेभी जाना जाता है, तंत्र साधना की प्रमुख देवी हैं। वे अपने भक्तोंके शत्रुओं की वाणी औरगति को रोक ने की  शक्ति रखती हैं। हिंदूधर्म में, माँ बगलामुखी को वह शक्ति माना जाता है जो नकारात्मकऊर्जा, भय, और तनावको नष्ट कर जीवन में सकारात्मकता लाती है। उनकी साधना से न केवल शत्रुओं पर विजय प्राप्त होती है, बल्कि मन की शांति और आत्मविश्वास भी बढ़ता है। 

बगलामुखी माता मंदिर  में उनकी स्वयंभू मूर्ति को देखकर भक्तों का मन श्रद्धा से भर जाता है। मान्यता है कि माँ कायह रूप सतयुग मेंभगवान विष्णु की तपस्या से प्रकट हुआ था, जब उन्होंने विश्व को एक भयंकर तूफान से बचाने के लिए माँ की आराधनाकी थी। तब से माँ बगलामुखी भक्तों के लिए संकटमोचन बनी हुई हैं।

माँबगलामुखी मंदिर नलखेड़ा: तंत्र साधना का केंद्र

मध्यप्रदेश के आगर मालवा जिले में माँ बगलामुखी मंदिर नलखेड़ा लखुंदर नदी के तटपर स्थित है। यह मंदिरधार्मिक और तांत्रिक साधनाके लिए विश्व प्रसिद्ध है। कहा जाता है कि इस मंदिर की स्थापना महाभारत काल में पांडवों ने भगवान श्रीकृष्ण के निर्देश पर की थी। युधिष्ठिर ने यहाँ साधना कर कौरवों परविजय प्राप्त की थी। बगलामुखी मंदिर में माँ की स्वयंभू मूर्ति के साथ माँ लक्ष्मी और माँ सरस्वती भी विराजमान हैं, जो इसे त्रिशक्ति मंदिर का विशेष महत्व देता है।

यह मंदिर चारों ओर श्मशान से घिरा हुआ है, जिसके कारण यह तंत्र साधकों के लिए विशेष रूपसे महत्वपूर्ण है। बगलामुखी माता मंदिर में होने वाला हवन विश्व भर में प्रसिद्ध है। भक्त यहाँ शत्रुनाश, कोर्ट-कचहरी के मामलों में जीत, और जीवन कीबाधाओं को दूर करनेके लिए हवन और पूजन करते हैं। नवरात्रि के दौरान माँ बगलामुखी मंदिर में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ती है, और माँ का विशेषश्रृंगार किया जाता है।

माँबगलामुखी की साधना के लाभ

माँ बगलामुखी की साधना सेन केवल शत्रुओं परविजय प्राप्त होती है, बल्कि जीवन के तनाव और डर को भी दूर किया जा सकता है। उनकी साधना के कुछ प्रमुख लाभ हैं:

  1. शत्रु नाश: माँ बगलामुखी शत्रुओं की शक्ति खत्म कर देती हैं, चाहे वे बाहरी हों या आंतरिक (जैसे नकारात्मक विचार)।
  2. मन की शांति: उनकी साधना से मन को शांति मिलती है और डर दूर होता है।
  3. कोर्ट-कचहरी में जीत: बगलामुखी माता की पूजा कानूनी मामलों में सफलता दिलाने के लिए जानी जाती है।
  4. आत्मविश्वास में वृद्धि: माँ की कृपा से साधक में आत्मविश्वास और सकारात्मकता बढ़ती है।
  5. संतान प्राप्ति: माता बगलामुखी मंदिर में विशेष यज्ञ और अनुष्ठान संतान प्राप्ति के लिए किए जाते हैं।

माँबगलामुखी की पूजा मेंपीले रंग का विशेषमहत्व है। भक्त पीलेवस्त्र, हल्दी, पीले फूल, औरपीली मिठाइयाँ चढ़ाते हैं। माँ काप्रिय मंत्र है:

ॐह्लीं बगलामुखी सर्वदुष्टानां वाचं मुखं पदं स्तम्भय जिह्वां कीलय बुद्धिं विनाशय ह्रीं ॐ स्वाहा।

इस मंत्र का जाप रुद्राक्षकी माला पर करनेसे विशेष सिद्धि प्राप्त होती है।

माँबगलामुखी की साधना कैसे करें?

माँबगलामुखी की साधना करनेके लिए निम्नलिखित बातोंका ध्यान रखें:

  • पीले वस्त्र धारण करें: माँ को पीला रंग अति प्रिय है, इसलिए पूजा के दौरान पीले वस्त्र पहनें।
  • हल्दी और पीले फूल अर्पित करें: पूजा में हल्दी, पीले फूल, और पीली मिठाइयाँ चढ़ाएँ।
  • मंत्र जाप: उपरोक्त मंत्र का जाप रुद्राक्ष की माला पर करें। छोटे कार्यों के लिए 10,000 और बड़े कार्यों के लिए 1 लाख जाप करें।
  • हवन: बगलामुखी मंदिर में हवन करवाने से विशेष फल मिलता है। यदि संभव हो तो किसी योग्य पंडित से संपर्क करें।
  • हरिद्रा गणपति की पूजा: माँ की साधना से पहले गणपति की पूजा अवश्य करें।

नलखेड़ामंदिर कैसे पहुँचें?

माँबगलामुखी मंदिर नलखेड़ा तक पहुँचने केलिए निम्नलिखित मार्ग उपलब्ध हैं:

  • हवाई मार्ग: निकटतम हवाई अड्डा इंदौर (देवी अहिल्या बाई होलकर हवाई अड्डा) है, जो लगभग 156 किमी दूर है।
  • रेल मार्ग: निकटतम रेलवे स्टेशन उज्जैन है, जो 98 किमी की दूरी पर है।
  • सड़क मार्ग: आगर मालवा सड़क मार्ग से भोपाल, इंदौर, उज्जैन, और कोटा जैसे शहरों से अच्छी तरह जुड़ा हुआ है।

निष्कर्ष

माँबगलामुखी का आशीर्वाद जीवनमें शांति, समृद्धि, और साहस लाता है। बगलामुखी माता मंदिर में दर्शन औरउनकी साधना करने से तनावऔर डर का अंत होता है, और जीवन में एक नई सकारात्मकताका संचार होता है। चाहे आप माँ बगलामुखी मंदिर नलखेड़ा जाएँ या किसीअन्य सिद्धपीठ में, माँ की कृपा आपके जीवन को चैन और खुशी से भर देगी।

तो, आज ही माँ बगलामुखी की शरण में जाएँ, उनकी साधना करें, और अपने जीवन से तनाव और डरको हमेशा के लिए दूर करें। 

जय माँ बगलामुखी!

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Acharya Pandit Vishnu Sharma
About the Author

Acharya Pandit Vishnu Sharma

Acharya, Nalkheda Siddha Peeth · 26+ Years Experience

With over two decades of intense spiritual practice at Nalkheda, Acharya Pandit Vishnu Sharma has guided more than 15,000 devotees toward victory and protection through authentic Baglamukhi rituals.

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